
ईद उल-अधा हज के दौरान मनाई जाने वाली बड़ी त्यौहार है जो ईब्राहीम की कुर्बानी की याद दिलाती है। 2024 में ईद उल-अधा 16 जून को मुख्य रूप से मनाई गई (स्थानीय चंद्रदर्शन या सरकारी घोषणा के अनुसार तारीख बदल सकती है)। अगर आप हरियाणा में हैं और आराम से, साफ-सुथरे तरीके से ईद मनाना चाहते हैं तो नीचे सीधे और काम के सुझाव मिलेंगे।
ईद उल-अधा इस्लामी कैलेंडर के 10वें दिन—धू अल-हिज्जाह—को आती है। यह वही दिन है जब हज के तीर्थयात्रियों के साथ दुनियाभर के मुसलमान भी कुर्बानी करते हैं। कुर्बानी का मकसद अल्लाह की आज्ञा के प्रति समर्पण दिखाना और जरूरतमंदों में मांस बांटना है। सामान्य तौर पर जानवर की खरीद, सुबह की नमाज़ और कुर्बानी—ये तीन मुख्य काम होते हैं।
कुर्बानी के लिए जानवर चुनते समय वेट व स्वास्थ्य की जांच जरूर कराएं। हरियाणा के शहरों में स्थानीय मण्डी और कृषि बाजार में विविध प्राइस रेंज मिलती है—सिर्फ कॉलर देखकर निर्णय न लें, मालिक से पशु का चिकित्सकीय प्रमाणपत्र मांगें।
कुर्बानी केवल नियमों और धर्म के अनुसार ही नहीं, स्वच्छता और सुरक्षा को ध्यान में रखकर होनी चाहिए। नगरपालिका द्वारा घोषित अस्थायी स्लॉटर हाउस या लाइसेंसधारी वेटरिनरी सुविधाओं का ही उपयोग करें। खुले में सबसे कम से कम करें और अगर घर पर ही करना है तो पड़ोसियों और साफ-सफाई का खास ख्याल रखें।
मांस विभाजन में पारदर्शिता रखें—कई परिवार मांस का एक तिहाई गरीबों को दान कर देते हैं, एक तिहाई रिश्तेदारों को और बाकी घर पर रखते हैं। हरियाणा में स्थानीय मस्जिदें और सिविल सोसायटी अक्सर वितरण में मदद कर देती हैं, उनसे पहले से संपर्क कर लें।
ईदगाह या मस्जिद में जाने की योजना बनाएं: सुबह की नमाज़ सूर्योदय के बाद पड़ी जाती है, इसलिए ट्रैफिक और पार्किंग का ध्यान रखें। बड़े शहरों में ईद के दिन ट्रैफिक बढ़ जाता है—सवेरे जल्दी निकलें और सार्वजनिक परिवहन का विकल्प देखें।
बाजार से कपड़े, चादर और ईद के खाने-पीने की चीजें खरीदते समय भीड़ और कीमत पर ध्यान दें। थोक मंडियों में किफायती विकल्प मिलते हैं पर समय पर पहुंचना जरूरी है। बचत के लिए समूह में खरीदारी भी एक अच्छा विकल्प है।
अंत में, रिश्तों पर ध्यान दें—ईद मिलने-जुलने का भी मौका है। बुजुर्गों को समय दें, पड़ोसियों से शांति बनाए रखें और जरूरतमंदों की मदद करना न भूलें। हरियाणा में स्थानीय परंपराओं को शामिल कर आप ईद उल-अधा 2024 को सुरक्षित, साफ और अर्थपूर्ण तरीके से मना सकते हैं।