अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने पूर्व प्रेमिका द्वारा लगाए गए आरोपों का निपटारा किया
दुनिया के चौथे नंबर के टेनिस खिलाड़ी अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने अपनी पूर्व प्रेमिका ब्रेंडा पटिया द्वारा दायर किए गए दुर्व्यवहार के मामले को कोर्ट में निपटा लिया है। इस मामले का निपटारा फ्रेंच ओपन सेमीफाइनल जीतने से चंद घंटे पहले किया गया था। जर्मन अदालत ने इस मामले को एक आर्थिक शर्त के साथ बंद कर दिया, जिसमें 200,000 यूरो की राशि शामिल है। गौरतलब है कि ज्वेरेव के खिलाफ कोई भी दोषारोपण नहीं पाया गया है।
मामले का पृष्ठभूमि
यह मामला साल 2020 में ज्वेरेव और ब्रेंडा के बीच हुई एक बहस के दौरान हुए कथित शारीरिक दुर्व्यवहार के आरोपों पर आधारित था। ज्वेरेव ने इस आरोप को सिरे से खारिज कर दिया था। दोनों का एक बेटी है, जिसका जन्म 2021 में हुआ था, लेकिन तब तक दोनों का रिश्ता टूट चुका था।
अदालत का फैसला और निपटारा
अदालत ने इस मामले को एक आर्थिक शर्त के साथ निपटाया जिसमें ज्वेरेव को 200,000 यूरो देने पड़े। ज्वेरेव के वकीलों ने एक बयान जारी कर यह स्पष्ट किया कि इस निपटारे में किसी भी प्रकार का दोषारोपण या अपराध की स्वीकारोक्ति नहीं मानी गई है। बात साफ है कि दोनों पक्षों ने तर्कशीलता और सहमति के साथ मामले को सुलझाने का प्रयास किया।
एटीपी की जांच
इस घटना से पहले, जनवरी 2023 में एटीपी ने एक और जांच के अंतर्गत ज्वेरेव पर घरेलू दुर्व्यवहार के आरोपों की समीक्षा की थी। यह आरोप उनकी एक अन्य पूर्व प्रेमिका ओल्गा शारिपोवा द्वारा लगाए गए थे। एटीपी ने उस मामले को पर्याप्त सबूतों के अभाव में बन्द कर दिया था। अब एटीपी इस नए निपटारे की समीक्षा कर रही है।
ज्वेरेव की प्रतिक्रिया
अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने इस मामले के निपटारे पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि उन्हें इस बात से राहत मिली है कि यह प्रकरण अब समाप्त हो गया है। उन्होंने आगे कहा कि वे इस मुद्दे पर और कोई सवाल नहीं सुनना चाहते हैं और अब अपना पूरा ध्यान अपने खेल पर केन्द्रित करना चाहते हैं।
भविष्य की तैयारी
ज्वेरेव की इस स्थिति को लेकर टेनिस जगत में मिलेजुले प्रतिक्रिया सामने आ रही है। कुछ लोगों का मानना है कि इस तरह के मामलों का एक खिलाड़ियों पर दीर्घकालिक प्रभाव पड़ सकता है, जबकि अन्य लोग सोचते हैं कि अदालत का यह निर्णय उनके करियर के लिए एक नये अवसर की तरह है। हालांकि, यह देखना दिलचस्प होगा कि इस निपटारे का ज्वेरेव के खेल और उनके व्यक्तिगत जीवन पर क्या असर पड़ेगा।
sujaya selalu jaya
जून 8, 2024 AT 18:56ज्वेरेव का मामला सुलझ गया, अब खेल पर फोकस करना चाहिए
Ranveer Tyagi
जून 11, 2024 AT 02:33वाह! यह फैसला तो बड़ा! ज्वेरेव ने आखिरकार अपने आप को साफ़ कर दिया!! अब टेनिस कोर्ट में वापस आएँ और दिखाएँ कि वह कितने मजबूत हैं!!!
Tejas Srivastava
जून 13, 2024 AT 10:23ज्वेरेव का मामला लोगों के बीच अब एक रहस्य बन गया है! कोर्ट का फैसला उसकी निजी ज़िंदगी में एक मोड़ जैसा था! कई सालों से चल रहे आरोपों ने उसके मनोबल को खींचा था! लेकिन इस आर्थिक निपटारे ने एक तरह की राहत प्रदान की! अब वह बिना किसी बंधन के अपनी खेल पर ध्यान केंद्रित कर सकता है! एटीपी की पिछली जांच ने भी दर्शाया कि सबूतों की कमी से केस बंद होना स्वाभाविक था! ज्वेरेव के प्रशंसकों ने इस समाचार को खुशी-खुशी मनाया! वहीं कुछ आलोचक अभी भी इस बात पर जाँच चाहेंगे कि क्या यह सिर्फ एक सतह पर हल्का वाला समाधान है! अधिकारिक तौर पर कोई दोष नहीं माना गया, पर सार्वजनिक धारणा अक्सर अलग होती है! कोर्ट की शर्तों में 200,000 यूरो का भुगतान भी एक संदेश है कि विवादों को वित्तीय रूप में भी समाप्त किया जा सकता है! यह बात खेल जगत में एक नई नीरसता लाने वाली हो सकती है! एक खिलाड़ी के लिए यह दिखाता है कि निजी समस्याओं को सुलझाने के बाद वह फिर से शिखर पर लौट सकता है! यदि वह इस ऊर्जा को अपने खेल में लगा दे तो अगले ग्रैंड स्लैम में उसकी जीत की संभावना बढ़ सकती है! अंत में, हमें यह समझना चाहिए कि न्यायिक प्रक्रियाएं और खेल की परफॉर्मेंस दो अलग-अलग क्षेत्रों हैं, और उनका मिश्रण अक्सर जटिल होता है! फिर भी, ज्वेरेव के भविष्य की दिशा उत्साहजनक लगती है!
JAYESH DHUMAK
जून 15, 2024 AT 18:13अवश्य ही यह उल्लेखनीय है कि ज्वेरेव के खिलाफ पूर्व में दर्ज किए गए कई आरोपों को न्यायालय ने पर्याप्त साक्ष्य की अनुपस्थिति के कारण खारिज कर दिया था, जिससे यह प्रतिपादित होता है कि कानूनी ढांचा व्यक्तिगत असहमति को वित्तीय समझौते में परिवर्तित करने का एक प्रभावी साधन हो सकता है। इस संदर्भ में यह आवश्यक है कि एटीपी अपने नियामक दायित्वों को पुनः मूल्यांकित करे और सुनिश्चित करे कि भविष्य में समान मामलों में उचित प्रक्रिया का पालन किया जाए।
Santosh Sharma
जून 18, 2024 AT 02:03ज्वेरेव ने इस निपटारे से जो ऊर्जा प्राप्त की है, वह उसके प्रदर्शन में सकारात्मक असर डाल सकती है।
yatharth chandrakar
जून 20, 2024 AT 09:53निपटारा कर लेने के बाद, ज्वेरेव को अब अपने शारीरिक और मानसिक प्रशिक्षण पर फोकस करना चाहिए; ऐसा करने से वह टॉप 10 में वापसी कर सकता है।
Vrushali Prabhu
जून 22, 2024 AT 17:43भाई ज्वेरेव अब फ्री है, कोर्ट का केस एन्ड, अब ओपन 2024 में धमाल मचाने की तैयारी!
parlan caem
जून 25, 2024 AT 01:33कोर्ट का फैसला बस पैसे का लेन-देन है, असली मुद्दे तो फिर भी बकाया रह गए, ज्वेरेव के पीछे की सच्चाई अभी तक उजागर नहीं हुई।